Difficult Scene In Ramayan: भारतीय टेलीविजन के इतिहास में कुछ किरदार ऐसे हैं, जो समय बीतने के बाद भी लोगों के दिलों में उसी तरह बसे हुए हैं. रामानंद सागर की ‘रामायण’ में भगवान राम का किरदार निभाने वाले अरुण गोविल भी उन्हीं कलाकारों में शामिल हैं. आज भी लोग उन्हें भगवान राम के रूप में ही याद करते हैं. ‘रामायण’ के टेलीकास्ट को दशकों बीत चुके हैं, लेकिन इससे जुड़े किस्से और कलाकारों के अनुभव आज भी दर्शकों की दिलचस्पी का हिस्सा बने रहते हैं.
अरुण गोविल ने कई बार कहा है कि ‘रामायण’ उनके करियर का सिर्फ एक शो नहीं, बल्कि जीवन बदल देने वाला अनुभव रहा. इस धारावाहिक ने उन्हें घर-घर में पहचान दिलाई और लोगों का ऐसा प्यार मिला, जो बहुत कम कलाकारों को नसीब होता है. अरुण गोविल ने कई बार शो की शूटिंग से जुड़ा एक ऐसा किस्सा साझा किया है, लेकिन एक बार उन्होंने शो से जुड़ा सवाल पूछने का मौका फैंस को सोशल मीडिया के जरिए दिया, जिसमें एक यूजर ने उनसे सबसे मुश्किल सीन के बारे में पूछा.
कौन-सा सीन था मुश्किल?
बातचीत के दौरान यूजर ने अरुण गोविल से पूछा कि ‘रामायण’ में ऐसा कौन-सा सीन था, जिसे निभाना उनके लिए सबसे ज्यादा मुश्किल रहा. इस सवाल का जवाब देते हुए उन्होंने बताया कि राजा दशरथ की मृत्यु की खबर सुनने और उस पर रिएक्शन देने वाला सीन उनके लिए सबसे चुनौतीपूर्ण था. अरुण गोविल के मुताबिक, ये सिर्फ एक अभिनय वाला सीन नहीं था, बल्कि भावनाओं से पूरी तरह जुड़ा हुआ पल था.

इमोशनल पलों में से एक
उन्होंने कई पुराने इंटरव्यू में बताया है कि भगवान राम का किरदार निभाते समय उन्हें हर भावना को बेहद बैलेंस तरीके से स्क्रीन पर उतारना होता था. ‘रामायण’ में राजा दशरथ का किरदार दिग्गज अभिनेता बाल धुरी ने निभाया था. कहानी के उस हिस्से में जब भगवान राम वनवास में होते हैं और उन्हें पिता के निधन की जानकारी मिलती है, तब दर्शक भी भावुक हो जाते हैं. यही वजह है कि ये सीन आज भी ‘रामायण’ के सबसे यादगार और इमोशनल पलों में गिना जाता है.